Source :- LIVE HINDUSTAN
मुख्य बातें
- जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ 21 अक्टूबर 2026 को खुलेगा और 23 अक्टूबर को बंद होगा
- वहीं, बड़े इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के लिए एंकर बिडिंग 19 अक्टूबर को होगी
- इस बीच, कंपनी के शेयरों की ग्रे मार्केट में जबरदस्त डिमांड है
- कंपनी के शेयर आज ग्रे मार्केट में 220 रुपये प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं
Jio Platforms IPO: रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन मुकेश अंबानी की कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO का इंतजार कर रहे निवेशकों के लिए बड़ी खबर है। रिलायंस इंडस्ट्रीज (RIL) ने बुधवार, 14 अक्टूबर को अपनी सब्सिडियरी कंपनी जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO के लिए रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) जमा कर दिया है। यह डॉक्यूमेंट गुजरात के अहमदाबाद स्थित रजिस्ट्रार ऑफ कंपनीज के पास दाखिल किया गया है। फाइलिंग के मुताबिक, जियो प्लेटफॉर्म्स का आईपीओ 21 अक्टूबर 2026 को खुलेगा और 23 अक्टूबर को बंद होगा। वहीं, बड़े इंस्टीट्यूशनल निवेशकों के लिए एंकर बिडिंग 19 अक्टूबर को होगी। इस बीच, कंपनी के शेयरों की ग्रे मार्केट में जबरदस्त डिमांड है। कंपनी के शेयर आज ग्रे मार्केट में 220 रुपये प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं।
इन शेयरधारकों के लिए खास मौका
जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO में पात्र कर्मचारियों के लिए 500 करोड़ रुपये तक के शेयर रिजर्व रखने का प्रावधान है। इसके अलावा, रिलायंस इंडस्ट्रीज के एलिजिबल शेयरधारकों के लिए 2,500 करोड़ रुपये तक के शेयर रिजर्व किए जा सकते हैं। इसका मतलब है कि IPO में आम निवेशकों के साथ-साथ कुछ एलिजिबल रिलायंस शेयरधारकों और कर्मचारियों को भी निवेश का मौका मिल सकता है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के वे शेयरधारक, जो तय नियमों और एलिजिबलिटी शर्तों को पूरा करते हैं, इस रिजर्वेशन का लाभ लेने के योग्य होंगे। इसमें इंडिविजुअल इन्वेस्टर्स के साथ हिंदू अनडिवाइडेड फैमिली (HUF) भी शामिल हैं। हालांकि, एलिजिबिलिटी का फैसला RHP दाखिल करने की तारीख पर लागू नियमों के आधार पर होगा। कानून के तहत निवेश के लिए अयोग्य कुछ शेयरधारकों को इस सुविधा से बाहर रखा जाएगा।
पहले SEBI के पास जमा हुआ था IPO का ड्राफ्ट
जियो प्लेटफॉर्म्स के IPO की तैयारी पहले से चल रही थी। रिलायंस इंडस्ट्रीज ने 19 जून को जानकारी दी थी कि जियो प्लेटफॉर्म्स ने IPO के लिए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (DRHP) जमा किया है। उस समय कंपनी ने नए शेयर जारी करके 27 करोड़ तक इक्विटी शेयर बाजार में लाने का प्रस्ताव रखा था। हर शेयर की फेस वैल्यू 10 रुपये तय की गई थी। इसके बाद 28 अगस्त को रिलायंस इंडस्ट्रीज ने बताया कि जियो प्लेटफॉर्म्स को भारतीय प्रतिभूति और विनिमय बोर्ड (SEBI) से DRHP पर ऑब्जर्वेशन लेटर मिल गया है। अब RHP दाखिल होने के साथ IPO की प्रक्रिया आगे बढ़ गई है।
सिर्फ टेलीकॉम कंपनी नहीं है जियो प्लेटफॉर्म्स
जियो प्लेटफॉर्म्स को केवल मोबाइल नेटवर्क उपलब्ध कराने वाली कंपनी के तौर पर नहीं देखा जाता। इसका कारोबार इंटरनेट कनेक्टिविटी, डिवाइस, ऑपरेटिंग सिस्टम और डिजिटल ऐप्स तक फैला हुआ है। कंपनी मोबाइल सेवाओं और फिक्स्ड ब्रॉडबैंड के अलावा कारोबार करने वाली कंपनियों को भी नेटवर्क और डिजिटल सेवाएं देती है। इसके डिजिटल ऐप्स में MyJio, JioSaavn, JioTV और JioAICloud जैसे नाम शामिल हैं। इस तरह जियो का कारोबार मोबाइल रिचार्ज और इंटरनेट सेवाओं से आगे बढ़कर डिजिटल टेक्नोलॉजी और एंटरप्राइज सेवाओं तक पहुंच चुका है।
आंकड़ों के मुताबिक, जियो के मोबाइल ग्राहकों की संख्या करीब 52.4 करोड़ थी। वहीं, फिक्स्ड ब्रॉडबैंड ग्राहकों की संख्या 2.7 करोड़ से ज्यादा बताई गई थी। कंपनी का नेटवर्क बैंकिंग, एयरपोर्ट और बिजली डिस्ट्रीब्यूशन जैसे सेक्टर्स में काम करने वाले संस्थानों को भी सेवाएं देता है। इससे साफ है कि जियो प्लेटफॉर्म्स का कारोबार आम मोबाइल ग्राहकों के साथ-साथ बड़े कारोबारी और संस्थागत ग्राहकों तक फैला हुआ है।
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