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करवा चौथ से पहले सोना हुआ सस्ता, आज 2000 रुपये गिरा भाव, चांदी ₹5700 टूटी

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Source :- LIVE HINDUSTAN

मुख्य बातें

  • Gold Silver Price Today: सोना 1,93,096 रुपये के रिकॉर्ड हाई से आज की डेट तक 48900 रुपये तक सस्ता हो चुका है
  • वहीं, एमसीएक्स सिल्वर का ऑल टाइम हाई 4,20,048 रुपये है और यह 2,16,528 रुपये सस्ता हो चुका है

करवाचौथ 29 अक्टूबर को है और उससे पहले सोने और चांदी की कीमतों में गुरुवार को बड़ी गिरावट देखने को मिली। मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर सोने का वायदा भाव 2000 रुपये गिरकर 144196 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गया। वहीं, चांदी का वायदा भाव 5700 रुपये टूटकर 203520 रुपये प्रति किलोग्राम रह गया।

सर्राफा मार्केट में भी सोने-चांदी के रेट में बड़ी गिरावट है। यहां बिना जीएसटी 10 ग्राम 24 कैरेट गोल्ड 143152 रुपये पर आ गया है। जबकि, चांदी के रेट 200748 रुपये प्रति किलो हैं। अमेरिकी फेडरल रिजर्व की आगामी बैठक, ब्याज दरों को लेकर अनिश्चितता और डॉलर में उतार-चढ़ाव के बीच निवेशक सतर्क बने हुए हैं। हालांकि, मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण बाजार में अनिश्चितता बनी हुई है।

एमसीएक्स के आंकड़ों के अनुसार, 29 जनवरी को सोना 1,93,096 रुपये के रिकॉर्ड हाई पर था और तब से लेकर आज की डेट तक 48900 रुपये तक सस्ता हो चुका है। वहीं, एमसीएक्स सिल्वर का ऑल टाइम हाई 4,20,048 रुपये है और यह 2,16,528 रुपये सस्ता हो चुका है।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी सोना-चांदी कमजोर

अंतरराष्ट्रीय बाजार में हाजिर सोना 0.6 प्रतिशत गिरकर 4,115.50 डॉलर प्रति औंस पर आ गया। इससे पहले बुधवार को सोना 4,104.33 डॉलर प्रति औंस तक गिर गया था, जो 15 अक्टूबर के बाद इसका सबसे निचला स्तर था। अमेरिकी गोल्ड फ्यूचर भी 0.4 प्रतिशत गिरकर 4,132.30 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता दिखा। हाजिर चांदी 1.1 प्रतिशत गिरकर 57.33 डॉलर प्रति औंस पर आ गई।

क्यों गिरे सोने-चांदी के भाव

फेडरल रिजर्व की बैठक पर बाजार की नजर: निवेशकों की नजर 27 और 28 अक्टूबर को होने वाली अमेरिकी फेडरल रिजर्व की बैठक पर है। इसके अलावा, अमेरिकी महंगाई का महत्वपूर्ण सिग्नल पर्सनल कंजम्पशन एक्सपेंडिचर (PCE) के आंकड़ों का भी इंतजार है। इससे ब्याज दरों को लेकर केंद्रीय बैंक के अगले कदम का संकेत मिल सकता है।

रॉयटर्स के सर्वे के मुताबिक, अधिकांश अर्थशास्त्रियों को अक्टूबर में ब्याज दरें स्थिर रहने की उम्मीद है, जबकि दिसंबर में बढ़ोतरी की संभावना जताई जा रही है। ब्याज दरें बढ़ने से सोने जैसे निवेश पर दबाव पड़ सकता है, क्योंकि सोने से ब्याज के रूप में कोई नियमित आय नहीं होती।

सोने-चांदी में आगे क्या करें?

पृथ्वी फिनमार्ट के मनोज कुमार जैन के मुताबिक, इस सप्ताह कच्चे तेल की कीमतों, डॉलर इंडेक्स और भू-राजनीतिक घटनाक्रमों के कारण सोने-चांदी में उतार-चढ़ाव बना रह सकता है।

MCX पर सोने का सपोर्ट और रेजिस्टेंस

सपोर्ट: ₹1,45,400 से ₹1,44,650

रेजिस्टेंस: ₹1,46,600 से ₹1,47,200

MCX पर चांदी का सपोर्ट और रेजिस्टेंस

सपोर्ट: ₹2,08,000 से ₹2,05,800

रेजिस्टेंस: ₹2,10,500 से ₹2,12,000

एक्सपर्ट ने लंबी अवधि के निवेशकों को गिरावट के दौरान सिस्टमैटिक इन्वेस्टमेंट प्लान (SIP) के जरिए धीरे-धीरे सोना-चांदी जमा करने की सलाह दी है। वहीं, ट्रेडर्स को नई पोजिशन बनाने से पहले बाजार में स्थिरता आने का इंतजार करने को कहा है।

(डिस्क्लेमर: यह निवेश की सलाह नहीं है। कमोडिटी मार्केट जोखिमों के अधीन है। किसी भी निवेश से पहले सूझ-बूझ के साथ फैसला करें या फाइनेंशियल एडवायजर से सलाह ले लें। MCX के वायदा भाव और सर्राफा मार्केट के खुदरा भाव अलग होते हैं। खुदरा कीमतों में GST, मेकिंग चार्ज और अन्य लागू शुल्क अलग से जुड़ सकते हैं।)

SOURCE : LIVE HINDUSTAN