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मोबाइल-जंकफूड से भी ज्यादा घातक है बच्चे के लिए पैरेंट्स की ये आदत, पैरेंटिंग कोच ने बताया

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Source :- LIVE HINDUSTAN

बच्चे को केवल जंकफूड या मोबाइल से दूर रखना ही चुनौती नहीं है आज की पैरेंटिंग में बच्चे के माइंड को डेवलप करना भी एक टास्क है। ज्यादातर पैरेंट्स बच्चे के बोर होने पर ये गलती करते हैं जो उनके दिमाग को नुकसान पहुंचाती है, पैरेंटिंग कोच से जानें…

आजकल बच्चों को पालना मुश्किलभरा काम है। क्योंकि बदलते वक्त के साथ ना हर मां-बाप के पास पर्याप्त समय है और ना ही वो तेज भागती,सोशल मीडिया वाली लाइफ में बच्चों के दिमाग के साथ चल पा रहे हैं। लेकिन फिर भी बच्चे पूरी तरह से आपके ऊपर ही डिपेंड होते हैं। पैरेंट्स की एक गलती बच्चे के फ्यूचर को बिगाड़ सकती है। खानपान से लेकर बिहेयिवर में बदलाव जरूरी है। लोगों को लगता है कि बच्चों को मोबाइल, टीवी, जंकफूड से दूर रखना ही सबसे बड़ा टास्क है। लेकिन पैरेंटिंग कोच खुशबू ने बताया कि पैरेंट्स अक्सर एक ऐसी गलती करते हैं जो बच्चे के फ्यूचर और उनके माइंड दोनों को नुकसान पहुंचाती है। चलिए जानें वो कौन सी गलती है जो बच्चे के लिए जंकफूड और मोबाइल से भी ज्यादा हार्मफुल है।

बच्चा जब बोले मैं बोर हो रहा हूं

पैरेंटिंग कोच खूशबू बताती हैं कि अगर आपका बच्चा बोल रहा कि ‘मैं बोर हो रहा हूं’और आप फौरन उसे कोई ना कोई चीज पकड़ा देते हैं। पैरेंट्स को लगता है कि अरे मैं बच्चे को पूरा समय नहीं दे पा रही हूं। बच्चे के बोरियत को दूर करने के लिए साथ में खेलने लगती हैं या फिर उसे मोबाइल, गेम कुछ दे देती हैं। दरअसल, ये सबसे बड़ी जहरीली चीज है जो आपके बच्चे के माइंड को नुकसान पहुंचाती है।

इस बात को बड़े ही आसान तरीके से समझाते हुए कोच बताती हैं कि बच्चे की बोरियत उसके दिमाग की भूख है और जब आप उस बोरियत को दूर करने के लिए मोबाइल, टीवी या फिर कोई गेम दे देते हैं तो ये दिमाग के लिए स्नैक्स का काम करता है। जिससे बच्चे के माइंड को नुकसान पहुंचाता है। जैसे भूख लगने पर खाना अच्छा लगता है ठीक उसी तरह से माइंड को भूख लगती है तो वो बोर होता है और ऐसे वक्त में बच्चा जब खुद से खाना खोजेगा तो उसकी भूख शांत होगी। जब दिमाग बोर होगा और वो खुद से बोरियत को दूर करने के साधन खोजेगा तभी उसका सही डेवलपमेंट होगा।

बच्चे को बोर होने देना बुरी पैरेंटिंग नहीं

बच्चा बोर हो रहा तो खुद को गिल्ट में ना डालें। ये आपकी पैरेंटिंग का सबसे जरूरी और मुश्किल काम है। जब बच्चा बोले कि वो बोर हो रहा है तो फौरन उसे कुछ देने की बजाय ये 3 काम करें

1- बच्चे को बोलें कि अच्छा तुम बोर हो रहे हो तो चलो कुछ खोजते हैं। तुम्हारे पास 15 मिनट हैं कुछ करने के लिए निकालते हैं। शुरुआत में बच्चा रोएगा, चिल्लाएगा लेकिन उसे करने दीजिए। धीरे-धीरे सब सेटल हो जाएगा।

2- बच्चे को सामान दें आइडिया नहीं। बच्चे के पास ले जाकर कोई एक सामान रख दें। कोई बर्तन, चादर, रस्सी कुछ भी। फिर देखें कैसे कुछ ही मिनटों में बच्चा उस एक चीज से खेल बना लेगा और खेलना शुरू कर देगा।

3- बच्चा जो कुछ भी बनाएं, खेले उसे सुधारने ना जाएं और ना ही बताएं। जब आप ऐसे ही बच्चे को खेलने के लिए छोड़ देंगी तो पाएंगी कि दो हफ्ते में बच्चा नए खेल बनाना सीख जाएगा। उसे पता होगा कि उसे क्या करना है। यहीं बच्चे जब बड़े होंगे तो उन्हें कभी भी किसी प्रॉब्लम में ये कहने की नौबत नहीं आएगी कि मुझे समझ नहीं आ रहा कि मैं क्या करूं। वो खुद से ही अपनी समस्याओं का समाधान खोजने की कोशिश करेंगे।

तो अगली बार जब आपका बच्चा बोले कि मैं बोर हो रहा हूं तो उसे मोबाइल, टीवी देने की बजाय एक सामान दें। जिससे वो खुद अपने लिए नया गेम बनाएं और अपने दिमाग को चैलेंज करना सीखे।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN