Source :- LIVE HINDUSTAN
Thyroid Checkup: थायराइड के लक्षण का पता लगते ही टेस्ट कराना जरूरी हो जाता है। जिससे कंफर्म हो जाए कि थायराइड की समस्या है या नहीं और उसी के हिसाब से दवाइयां और ट्रीटमेंट हो। लेकिन डॉक्टर का कहना है कि थायराइड टेस्ट के समय ये 5 गलती रिपोर्ट को बदल सकती है, जानें कौन सी गलतियां ना करें….
ब्लड शुगर, ब्लड प्रेशर की तरह की थायराइड की जांच भी जरूरी है। जिससे पता चल सके कि शरीर में कहीं थायराइड ग्लैंड्स अंडर एक्टिव या ओवर एक्टिव तो नहीं है। कई बार टेस्ट के दौरान की गई लापरवाही से टेस्ट के नतीजे बिल्कुल अलग आते हैं और जिसकी वजह से इलाज में भी फर्क आता है। इसलिए जब भी थायराइड का टेस्ट कराने जाएं तो कुछ बातों का ध्यान जरूर रखें। डॉक्टर नवनीत कालरा ने थायराइड टेस्ट से जुड़ी ऐसी ही 5 गलतियों को गिनाया है, जिन्हें टेस्ट के पहले बिल्कुल नहीं करनी चाहिए। ये आपके रिजल्ट पर असर डालती हैं और गलत रिजल्ट का नतीजा आपका गलत इलाज हो सकता है। जानें कौन सी वो 5 मिस्टेक हैं जिन्हें थायराइड टेस्ट के टाइम पर बिल्कुल नहीं करनी चाहिए।
दवा ना खाएं
जाहिर सी बात है कि आप थायराइड की दवा खाएंगे तो ये आपके थायराइड ग्लैंड को कंट्रोल करेगी और आपके रिजल्ट को प्रभावित करेगी। इसलिए जिस दिन टेस्ट कराने जाना हो उस दिन थायराइड की दवा को भूलकर भी ना खाएं।
खाली पेट होना जरूरी नहीं
काफी सारे लोगों को भ्रम होता है कि थायराइड की जांच ब्लड शुगर की तरह सुबह खाली पेट करना जरूरी होता है। लेकिन ऐसा बिल्कुल भी नहीं है, डॉक्टर का कहना है कि आप खाना खाकर भी थायराइड की जांच को करा सकते हैं। इससे टेस्ट के रिजल्ट पर कोई फर्क नहीं पड़ता है।
शाम को ना कराएं
थायराइड के टेस्ट का टाइमिंग से बहुत रिलेशन है। डॉक्टर का कहना है कि कभी भी किसी भी डॉक्टर के कहने पर शाम को थायराइड का टेस्ट ना कराएं। ये टेस्ट की रिपोर्ट आपके मॉर्निंग में कराए टेस्ट की रिपोर्ट से अलग हो सकती है। इसलिए कोशिश करें कि जब भी थायराइड का टेस्ट कराना हो तो सुबह 12 से साढ़े बारह बजे के पहले-पहले करा लें। जरूरी है कि आपका टेस्ट मॉर्निंग के टाइम पर हो जाए।
इन सप्लीमेंट्स को रोक दें
बायोटिन, विटामिन बी7, आयरन, कैल्शियम जैसे सप्लीमेंट्स को रोक दें। इन सप्लीमेंट्स को लेते हैं तो थायराइड का टेस्ट कराने के लगभग दो से तीन दिन पहले से ही खाना बंद कर दें। ये सप्लीमेंट्स आपके थायराइड की रिपोर्ट को बदल देते हैं और इससे रिपोर्ट पर असर पड़ता है।
फुल बॉडी चेकअप के साथ ना कराएं
थायराइड टेस्ट को कंप्लीट फुल बॉडी चेकअप के साथ ना कराएं। काफी सारे पैथालॉजी वाले स्कीम देते हैं कि पूरे हेल्थ बॉडी के चेकअप में कम पैसे लगेंगे। लेकिन उस चेकअप में थायराइड का टेस्ट ऐड ना करें। हमेशा थायराइड का टेस्ट अलग कराएं। फुल बॉडी चेकअप के साथ कराए थायराइड टेस्ट में रिपोर्ट अलग आ सकती है। इसलिए हमेशा अलग से टेस्ट कराएं।
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