Home LIFESTYLE NEWS HINDI क्या पता है असली और नकली दालचीनी में अंतर? धोखे से बचने...

क्या पता है असली और नकली दालचीनी में अंतर? धोखे से बचने के लिए 4 तरीकों से पहचानें

4
0

Source :- LIVE HINDUSTAN

खाने का स्वाद बढ़ाने के लिए दालचीनी का इस्तेमाल किया जाता है। लेकिन जिस दालचीनी का इस्तेमाल आप कर रहे हैं क्या वाकई वह असली है? आइए इस आर्टिकल में समझते हैं असली और नकली दालचीनी की पहचान कैसे करें। 

खाना बनाने के लिए रसोई में कई तरह के मसालों का इस्तेमाल किया जाता है। इन मसालों में से एक है दालचीनी। इसकी हल्की खुशबू और मीठापन खाने में एक अलग फ्लेवर को जोड़ता है। लेकिन क्या जानते हैं कि बाजार में बिकने वाली हर भूरी छाल असली दालचीनी नहीं होती? बहुत से लोग दालचीनी खरीदनें में गलती कर देते हैं। बाजार में जिसे अक्सर नकली दालचीनी कहा जाता है, वह कई बार कैसिया है और असल में असली दालचीनी सीलोन को माना जाता है। हालांकि, ये पूरी तरह से नकली नहीं है बल्किदालचीनी परिवार के ही एक दूसरे पेड़ सिनामोमम कैसिया की छाल है। दोनों देखने में ऐक जैसी लगती हैं, लेकिन स्वाद में फर्क होता है। ऐसे में यहां हम आपको असली और नकली दालचीनी का फर्क बता रहे हैं, ताकी अगली बार आप गलत दालचीनी घर ना लेकर आएं।

1) दालचीनी की छाल देखें

सीलोन दालचीनी की छाल बहुत पतली और नाजुक होती है। इसमें कई पतली परतें एक-दूसरे के अंदर लिपटी हुई दिखाई देती हैं। इसे काटकर देखने पर अंदर कई परतों वाला रोल दिखाई दे सकता है।इसके अलावा यह आसानी से टूट या मुड़ सकती है। वहीं कैसिया छाल मोटी और कठोर होती है। इसका रोल अक्सर एक मोटी परत या कम परतों वाला दिखाई देता है। इसे तोड़ना थोड़ा मुश्किल होता है।

2) खुशबू से पहचान

दालचीनी का इस्तेमाल शाही डिशेज बनाने के लिए किया जाता है। ये खाने में एक मखमली खुशबू जोड़ती है। जब आप सीलोन दालचीनी का इस्तेमाल करेंगे तो की खुशबू नरम, मीठी और मखमली सी होगी, इसकी खुशबू बहुत ज्यादा तीखी नहीं लगती। वही कैसिया की खुशबू आमतौर पर ज्यादा तेज, गर्म और तीखी होती है।

3) स्वाद से पहचान

सीलोन दालचीनी का स्वाद हल्का मीठा और संतुलित होता है। इसमें तीखापन कम और हल्की खुशबू ज्यादा होती है। वहीं कैसिया का स्वाद ज्यादा तेज, तीखा और गर्म महसूस हो सकता है। इसमें कभी-कभी हल्की कड़वाहट भी ज्यादा महसूस होती है।

4) रंग से पहचान

सीलोन दालचीनी का रंग हल्का भूरा होता है। ये रंगत में हल्की और समान दिखाई दे सकती है। वहीं कैसिया का रंग अक्सर गहरा लाल-भूरा या इन दोनों का मिला हुआ सा रंग दिखाई दे सकता है।इसकी छाल ज्यादा मोटी और खुरदरी दिख सकती है।

नोट- कैसिया को भी दालचीनी के नाम से भी जाना जाता है और भारत के बाजारों और सुपरमार्केट में ज्यादातर दालचीनी असल में कैसिया ही होती है क्योंकि यह बहुत सस्ती होती है। इसलिए खरीदने से पहले हमेशा चेक करें।

डिस्क्लेमर- इस आलेख में दी गई जानकारियों पर हम दावा नहीं करते कि ये पूर्णतया सत्य है और सटीक है। विस्तृत और अधिक जानकारी के लिए संबंधित क्षेत्र के विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN