Source :- LIVE HINDUSTAN
मुख्य बातें
- एक अक्टूबर को NSE पर GPT इंफ्राप्रोजेक्ट के शेयर ₹0.34 गिरकर ₹118 पर बंद हुए
- अब 5 अक्टूबर को इस शेयर पर निवेशकों की नजर होगी
- आइए जानते हैं कि आखिर क्या है इसकी वजह?
GPT Infra share: सिविल कंस्ट्रक्शन के कारोबार से जुड़ी कंपनी GPT इंफ्राप्रोजेक्ट्स (GPT इंफ्रा) के शेयर पर सोमवार को निवेशकों की नजर रहेगी। ये हम इसलिए कह रहे हैं क्योंकि कंपनी की सब्सिडयरी को एक बड़ा ऑर्डर मिला है। बता दें कि 1 अक्टूबर को NSE पर GPT इंफ्राप्रोजेक्ट के शेयर ₹0.34 गिरकर ₹118 पर बंद हुए। अब 5 अक्टूबर को शेयर बाजार में ट्रेडिंग होगी।
क्या है ऑर्डर की डिटेल
जानकारी के मुताबिक एल्कॉन बिल्डर्स एंड इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड को वेस्टर्न रेलवे से करीब ₹150 करोड़ का ऑर्डर मिला है। यह ऑर्डर भावनगर डिवीजन में काम के लिए DYCSTE-W-RJT-S और T/वेस्टर्न रेलवे द्वारा दिया गया है। इस प्रोजेक्ट में मौजूदा PI स्टेशनों को इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग (EI), MSDAC और इन-बिल्ट ब्लॉक वर्किंग से बदलना शामिल है। इसमें 18 स्टेशनों पर सिग्नलिंग और टेलीकॉम उपकरण लगाना भी शामिल है। काम के दायरे में उपकरणों का डिजाइन, सप्लाई, इंस्टॉलेशन, प्रोग्रामिंग, टेस्टिंग और कमीशनिंग शामिल है।
रेल विकास निगम लिमिटेड से भी ऑर्डर
इससे पहले, 17 सितंबर को कंपनी ने जानकारी दी थी कि उसे ओडिशा में महानदी रीवर पर एक बड़े रेलवे पुल के निर्माण के लिए रेल विकास निगम लिमिटेड (RVNL) से कॉन्ट्रैक्ट मिला है। यह कॉन्ट्रैक्ट GST सहित ₹483.72 करोड़ का है।
इस कॉन्ट्रैक्ट में महानदी रीवर पर ‘इम्पॉर्टेंट ब्रिज 544’ (एक 32×65.84-मीटर ओपन वेब स्टील गर्डर ब्रिज) का निर्माण शामिल है। यह ईस्ट कोस्ट रेलवे के खुर्द रोड डिवीजन में नेरगुंडी-बारंग सेक्शन के बीच तीसरी और चौथी रेलवे लाइन के निर्माण का हिस्सा है। इस ऑर्डर की कीमत GST को छोड़कर ₹409.94 करोड़ है और इसे तय तारीख से 1,095 दिनों के भीतर पूरा किया जाना है।
GPT इंफ्राप्रोजेक्ट में इन कंपनियों का विलय
हाल ही में कंपनी ने स्टॉक एक्सचेंज को दी गई जानकारी में बताया कि GPT इंफ्राप्रोजेक्ट ने पहले 20 मई 2026 को स्टॉक एक्सचेंज को बताया था कि उसके बोर्ड ने उसकी दो पूरी तरह से अपनी सब्सिडियरी कंपनियों – एल्कॉन बिल्डर्स एंड इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड और Jogbani हाईवे प्राइवेट लिमिटेड को GPT इंफ्राप्रोजेक्ट के साथ मिलाने की योजना को मंज़ूरी दे दी है। नेशनल कंपनी लॉ ट्रिब्यूनल (NCLT) की कोलकाता बेंच ने 15 सितंबर 2026 को अपना आदेश सुनाया और 16 सितंबर 2026 को अपनी वेबसाइट पर आदेश अपलोड किया।
NCLT के आदेश के अनुसार, अब मर्जर की योजना पर विचार करने और उसे मंजूरी देने के लिए GPT इंफ्राप्रोजेक्ट के इक्विटी शेयरहोल्डर्स, संबंधित कंपनियों के सिक्योर्ड और अनसिक्योर्ड क्रेडिटर्स के साथ बैठकें की जाएंगी। ये बैठकें 15 सितंबर 2026 के 90 दिनों के भीतर होनी चाहिए। सही तारीख और समय GPT इंफ्राप्रोजेक्ट के साथ सलाह-मशविरा करके नियुक्त चेयरपर्सन तय करेंगे।
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