Source :- LIVE HINDUSTAN
कनाडा पुलिस के मुताबिक, यह वारदात घरेलू हिंसा का नतीजा थी। आरोपी पर फर्स्ट-डिग्री मर्डर का संगीन मामला दर्ज है।
कनाडा के टॉरंटो में भारतीय मूल की 30 साल की हिमांशी खुराना की बेरहमी से की गई हत्या के सात महीने बाद पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। हत्या के बाद से ही फरार चल रहे उसके साथी अब्दुल गफूरी को पुलिस ने टॉरंटो एयरपोर्ट से धर दबोचा है।
कनाडा पुलिस के मुताबिक, यह वारदात घरेलू हिंसा का नतीजा थी। आरोपी पर फर्स्ट-डिग्री मर्डर का संगीन मामला दर्ज है।
इंटरनेशनल एजेंसियों की मदद से बिछाया गया जाल
टॉरंटो पुलिस की होमिसाइड यूनिट और फरार आरोपियों को पकड़ने वाले दस्ते ने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय पुलिस एजेंसियों के साथ मिलकर एक बड़ा ऑपरेशन चलाया।
7 महीनों की कड़ी मशक्कत और इंटरपोल समेत अंतरराष्ट्रीय सहयोग के दम पर गफूरी को ट्रैक किया गया। जैसे ही वह कनाडा लौटा, शुक्रवार को टॉरंटो एयरपोर्ट पर उतरते ही पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। हालांकि पुलिस ने अभी यह साफ नहीं किया है कि गफूरी इतने महीनों तक किस देश में छिपा हुआ था।
उस खौफनाक रात क्या हुआ था?
यह सनसनीखेज वारदात दिसंबर 2025 की है। टॉरंटो पुलिस को 19 दिसंबर की रात करीब 10:41 बजे स्ट्रैचन एवेन्यू और वेलिंगटन स्ट्रीट वेस्ट इलाके से एक भारतीय युवती हिमांशी खुराना के गायब होने की खबर मिली थी।
पुलिस ने तुरंत सर्च ऑपरेशन शुरू किया। अगली सुबह यानी 20 दिसंबर को तड़के 6:30 बजे उसी इलाके के एक मकान से हिमांशी का शव बरामद हुआ।
पुलिस ने शुरुआती जांच के बाद ही इसे हत्या का मामला करार दिया था। साल 2025 में टॉरंटो में यह हत्या का 40वां मामला दर्ज हुआ था।
जांच आगे बढ़ी तो सामने आया कि अब्दुल गफूरी और हिमांशी रिलेशनशिप में थे। वारदात के बाद से ही गफूरी गायब था। पुलिस ने उसकी तस्वीर जारी कर पूरे देश में गिरफ्तारी का वारंट जारी किया था और आम लोगों से भी मदद मांगी थी।
भारतीय दूतावास ने जताया था गहरा दुख
हिमांशी खुराना की हत्या के बाद टॉरंटो स्थित भारतीय वाणिज्य दूतावास ने इस घटना पर गहरा दुख और स्तब्धता जताई थी।
दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर बयान जारी कर कहा था, “टॉरंटो में एक युवा भारतीय नागरिक हिमांशी खुराना की हत्या से हमें गहरा दुख पहुंचा है। इस मुश्किल घड़ी में हमारी संवेदनाएं शोक संतप्त परिवार के साथ हैं।” भारतीय दूतावास ने परिजनों को हरसंभव मदद देने और स्थानीय पुलिस के साथ लगातार संपर्क में रहने का भरोसा भी दिया था।
SOURCE : LIVE HINDUSTAN




