Source :- BBC INDIA
इमेज स्रोत, Ashley Allen-ICC/ICC via Getty Images
प्रकाशित
पढ़ने का समय: 8 मिनट
भारतीय क्रिकेट टीम के बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने कहा है कि वैभव सूर्यवंशी का आयरलैंड के ख़िलाफ़ खेलना अभी तय नहीं है.
उन्होंने यह भी कहा कि सूर्यवंशी को मौक़ा देने के लिए टीम के लिए अच्छा प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों को बाहर करना अन्याय होगा.
सितांशु कोटक का ये बयान भारत और आयरलैंड के बीच होने वाली टी20 से ठीक पहले आया है. दोनों टीमों के बीच शुक्रवार को बेलफ़ास्ट में पहला टी20 मैच खेला जाएगा.
आयरलैंड के खिलाड़ियों ने मैच से पहले बीबीसी से बातचीत में वैभव सूर्यवंशी के बैटिंग स्टाइल की तारीफ़ की है.
वहीं, भारत में भी वैभव सूर्यवंशी के खेलने को लेकर काफ़ी चर्चा है. अगर वह शुक्रवार को मैच खेलते हैं तो वह कई रिकॉर्ड्स भी अपने नाम करेंगे.
एक चर्चा वैभव सूर्यवंशी के ‘अलग ड्रेसिंग रूम’ को लेकर भी है. वैभव को उनकी कम उम्र और सुरक्षा नियमों की वजह से टीम मेंबर्स से अलग ड्रेसिंग रूम में कपड़े बदलने होंगे.
भारतीय टीम आयरलैंड और इंग्लैंड के दौरे पर है. टीम को आयरलैंड में दो टी20 मैच खेलने हैं. पहला मैच 26 जून को और दूसरा मैच 28 जून को खेला जाएगा.
इसके बाद भारतीय टीम इंग्लैंड जाएगी, जहां पांच टी20 मैच और तीन वनडे मैच खेले जाने हैं.
बैटिंग कोच ने वैभव सूर्यवंशी पर क्या-क्या कहा?
इमेज स्रोत, Matt Roberts-ICC/ICC via Getty Images
भारत के बैटिंग कोच सितांशु कोटक ने पहले टी20 मैच से पहले प्रेस कॉन्फ़्रेंस में वैभव सूर्यवंशी के खेलने से जुड़े सवालों का जवाब दिया है.
उन्होंने कहा, “मुझे नहीं लगता कि सिर्फ़ उन्हें मौक़ा देने के लिए हमें ऐसे खिलाड़ी को बाहर करना चाहिए, जो टीम के लिए रन बना रहे हैं. यह सही नहीं होगा.”
सितांशु कोटक ने कहा, “किसी को मौक़ा देने और किसी दूसरे खिलाड़ी के साथ अन्याय करने के बीच एक बहुत बारीक फ़र्क़ होता है.”
हालांकि, उन्होंने कहा कि आयरलैंड के ख़िलाफ़ पहले टी20 मैच में सूर्यवंशी को मौक़ा मिलेगा या नहीं, इसका फ़ैसला टीम प्रबंधन करेगा.
इन सब के अलावा बैटिंग कोच ने सूर्यवंशी की तारीफ़ भी की है.
उन्होंने कहा, “वह असाधारण प्रतिभा हैं, लेकिन टीम का चयन कप्तान और मुख्य कोच करेंगे. अगर वह नहीं खेलते हैं तो भी यह ठीक है, क्योंकि वह भारतीय टीम का हिस्सा हैं और मुझे यक़ीन है कि उन्हें आगे मौक़े मिलेंगे.”

सितांशु कोटक का मानना है कि जब भी वैभव सूर्यवंशी को डेब्यू का मौक़ा मिलेगा, वह ‘उम्मीदों के दबाव’ में नहीं आएंगे.
उन्होंने कहा, “मुझे नहीं लगता कि वह नर्वस होंगे. हमारा टीम कल्चर ऐसा है कि हर कोई उन्हें सहज महसूस कराने और टीम का हिस्सा बनाने की कोशिश करेगा.”
आयरलैंड के खिलाड़ियों ने वैभव के बारे में क्या कहा?
इमेज स्रोत, Viraj Kothalawala/Sportsfile via Getty Imag
भारत से मैच से पहले आयरलैंड के खिलाड़ियों ने भी वैभव सूर्यवंशी को लेकर प्रतिक्रिया दी है.
उन्होंने कहा, “सूर्यवंशी ने ख़ुद को टॉप ऑर्डर के सबसे विस्फोटक बल्लेबाज़ों में शामिल कर लिया है. आईपीएल में उन्होंने कई बड़े गेंदबाज़ों की गेंद पर छक्के लगाए हैं. ऐसे में बात सिर्फ़ उनके खेल की स्टडी करने और उनके ख़िलाफ़ सही प्लान बनाने की है.”
वहीं, आयरलैंड के गेंदबाज़ रॉस अडेयर ने कहा है कि वैभव सूर्यवंशी ऐसे खिलाड़ी हैं ‘जिनके जैसा बनने’ की इच्छा होती है.
उन्होंने कहा, “उन्हें किसी तरह का डर नहीं है. उन्हें फ़र्क़ नहीं पड़ता कि सामने कौन गेंदबाज़ी कर रहा है. वह हर गेंदबाज़ को चुनौती देना चाहते हैं और भारत ने उन्हें ऐसा करने की पूरी आज़ादी दी है.”

वैभव सूर्यवंशी तोड़ सकते हैं सचिन का रिकॉर्ड
इमेज स्रोत, Ashley Allen-ICC/ICC via Getty Images
वैभव सूर्यवंशी अगर शुक्रवार को या फिर रविवार को होने वाले मैच में डेब्यू करते हैं, तो वह अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे कम उम्र में खेलने वाले खिलाड़ी बन जाएंगे.
यह रिकॉर्ड अभी सचिन तेंदुलकर के नाम है. उन्होंने साल 1989 में पाकिस्तान के ख़िलाफ़ 16 साल की उम्र में वनडे इंटरनेशनल मैच खेला था.
इस साल आईपीएल में वैभव के ऑरेंज कैप जीतने के बाद से उनके भारतीय टीम में शामिल होने की उम्मीदें बढ़ गईं थीं. कई दिग्गज क्रिकटरों ने उनकी तारीफ़ की थी.
आईपीएल के बाद जब उन्हें भारतीय टी20 टीम और भारत-ए में शामिल किया गया तो उनके डेब्यू का इंतज़ार होने लगा. वैभव के डेब्यू की विश्व क्रिकेट में भी चर्चा है.
महज़ 13 साल की उम्र में क्रिकेट जगत में अपनी पहचान बनाने के बाद वह कई रिकॉर्ड तोड़ चुके हैं.
बीते दिनों श्रीलंका-ए के ख़िलाफ़ भारत-ए की ओर से खेलते हुए वैभव ने लिस्ट-ए 50 ओवर क्रिकेट के इतिहास का सबसे तेज़ अर्धशतक लगाया. उन्होंने सिर्फ़ 11 गेंदों में यह उपलब्धि हासिल की.
उस मैच में वैभव ने महज़ 29 गेंदों में 94 रन की विस्फ़ोटक पारी खेली थी.
वैभव पर दिग्गजों ने बीबीसी से क्या कहा?
इमेज स्रोत, MONEY SHARMA/AFP via Getty Images
पूर्व भारतीय कप्तान राहुल द्रविड़ ने 2025 में राजस्थान रॉयल्स के कोच रहते हुए 14 साल की उम्र में सूर्यवंशी का आईपीएल में डेब्यू कराया था.
उन्होंने वैभव की तारीफ़ करते हुए कहा कि उनमें गेंदबाज़ की रफ़्तार को जल्दी समझ लेने की क्षमता, क्रिकेट की समझ और निडरता है.
द्रविड़ ने कहा, “मुझे नहीं लगता कि सूर्यवंशी जैसा खिलाड़ी तैयार करने का कोई तय फ़ॉर्मूला है. आप किसी भी बच्चे से यह नहीं कह सकते कि ऐसा करो और वह इतना अच्छा खिलाड़ी बन जाएगा. कुछ चीज़ें ऐसी होती हैं जो गिफ़्टेड होती हैं. लेकिन उन्होंने बहुत मेहनत भी की है, इसलिए उनकी प्रतिभा सिर्फ़ गिफ़्टेड नहीं है.”
उन्होंने कहा, “कम उम्र से ही उन्होंने बहुत ज़्यादा गेंदों को हिट किया है. मैंने राजस्थान (रॉयल्स) में यह चीज़ साफ़ देखी.”

पूर्व ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर जस्टिन लैंगर लखनऊ सुपर जायंट्स के कोच हैं और सूर्यवंशी की तरह बाएं हाथ के सलामी बल्लेबाज़ रहे हैं.
वह कहते हैं, “वैभव सूर्यवंशी सिर्फ़ दूसरे व्यक्ति हैं जिनके साथ मैंने ख़ुद से सेल्फ़ी लेने की इच्छा जताई. पहले व्यक्ति एक एएफ़एल चैंपियन थे, जिन्हें मैं बचपन में देखा करता था.”
लैंगर ने बताया, “मैंने उनसे कहा, ‘आईपीएल में मैंने पहले कभी ऐसा नहीं किया, लेकिन क्या हम एक साथ सेल्फ़ी ले सकते हैं? क्योंकि मैं आपकी प्रतिभा, आपकी सोच और आपके क्रिकेट खेलने के तरीक़े से बेहद प्रभावित हूं.’ उन्हें बल्लेबाज़ी करते देखना हैरान कर देने वाला अनुभव है.”
जब उनसे पूछा गया कि वैभव सूर्यवंशी को ख़ास क्या बनाता है, तो उन्होंने इसका जवाब दिया, “उनके असाधारण हाथ.”
लैंगर ने कहा, “उनके हाथ असाधारण हैं. मैं हमेशा कहता हूं कि महान खिलाड़ियों के हाथ स्विमिंग पूल में तैरती होज़ की तरह होते हैं. बैकस्विंग के दौरान उनके हाथों की हलचल लगभग आठ के आकार जैसी लगती है. यह बहुत छोटी और बारीक बात है, लेकिन उनके हाथ बेहद ढीले और सहज रहते हैं.”
उन्होंने कहा, “कई बाएं हाथ के बल्लेबाज़ जब छक्का लगाने की कोशिश करते हैं तो गेंद को साइटस्क्रीन से लेग साइड की ओर खेलते हैं. लेकिन सूर्यवंशी अलग हैं. वह ऑफ़ साइड की ओर बड़े शॉट खेलने की तैयारी करते हैं.”
“आईपीएल करियर की पहली ही गेंद पर उन्होंने कवर के ऊपर से छक्का जड़ दिया. यह शॉट लॉन्ग ऑन या डीप मिडविकेट के ऊपर नहीं गया, जैसा अक्सर बाएं हाथ के बल्लेबाज़ खेलते हैं. उन्होंने कवर के ऊपर से ऐसा छक्का मारा जो स्टैंड में काफ़ी पीछे जाकर गिरा.”
इंग्लैंड के पूर्व कप्तान माइकल वॉन ने आईपीएल के दौरान कमेंटेटर के रूप में सूर्यवंशी को क़रीब से देखा है.
वह कहते हैं कि वैभव की नज़र और बैट स्विंग शानदार है, लेकिन इसके साथ-साथ गेंदबाज़ के संकेतों को पढ़ने की उनकी क्षमता भी कमाल की है.
उन्होंने कहा, “वह मैदान की स्थिति को समझ लेते हैं, लेकिन बल्लेबाज़ के तौर पर वह यह भी भांप लेते हैं कि गेंदबाज़ क्या करने वाला है. महान खिलाड़ी गेंद फेंके जाने से पहले ही यह समझ जाते हैं.”
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.
SOURCE : BBC NEWS



