Home rss business hindi 21 अक्टूबर को खुल रहा यह IPO, ग्रे मार्केट में अभी से...

21 अक्टूबर को खुल रहा यह IPO, ग्रे मार्केट में अभी से ही ₹115 प्रीमियम पर पहुंचा शेयर

4
0

Source :- LIVE HINDUSTAN

मुख्य बातें

  • निवेशक इस आईपीओ में 23 अक्टूबर तक पैसे लगा सकते हैं
  • कंपनी पारस हेल्थ ब्रांड के नाम से अस्पताल चलाती है
  • इस आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 660 रुपये से 693 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है
  • ग्रे मार्केट में कंपनी के शेयर आज 115 रुपये प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं

Paras Healthcare IPO: शेयर बाजार में निवेश करने वालों के लिए एक और आईपीओ आने वाला है। अस्पतालों का ऑपरेट करने वाली कंपनी पारस हेल्थकेयर लिमिटेड अपना 1,450 करोड़ रुपये का आईपीओ 21 अक्टूबर को लॉन्च करने जा रही है। निवेशक इस आईपीओ में 23 अक्टूबर तक पैसे लगा सकते हैं। कंपनी पारस हेल्थ ब्रांड के नाम से अस्पताल चलाती है। इस आईपीओ के लिए प्राइस बैंड 660 रुपये से 693 रुपये प्रति शेयर तय किया गया है। ग्रे मार्केट में कंपनी के शेयर आज 115 रुपये प्रीमियम पर ट्रेड कर रहे हैं।

आईपीओ का साइज 1,450 करोड़ रुपये है

कंपनी का यह आईपीओ तीन दिनों तक खुला रहेगा और 23 अक्टूबर को बंद होगा। वहीं, एंकर निवेशकों के लिए बोली लगाने की प्रक्रिया 19 अक्टूबर को होगी। इस इश्यू के जरिए कंपनी नए शेयर जारी करने के साथ मौजूदा शेयरधारकों को भी अपनी हिस्सेदारी बेचने का मौका देगी। पारस हेल्थकेयर के इस आईपीओ का कुल साइज 1,450 करोड़ रुपये है। कंपनी की ओर से गुरुवार को जारी जानकारी के मुताबिक, इसमें दो हिस्से शामिल हैं। 500 करोड़ रुपये के नए शेयर जारी किए जाएंगे। इससे मिलने वाली रकम कंपनी को मिलेगी। मौजूदा शेयरधारक 950 करोड़ रुपये के शेयर बेचेंगे। इस हिस्से से मिलने वाली रकम संबंधित शेयर बेचने वाले शेयरधारकों को मिलेगी। इस तरह आईपीओ के जरिए कुल 1,450 करोड़ रुपये जुटाने की योजना है।

निवेशकों को क्या फोकस रखना चाहिए

पारस हेल्थकेयर का आईपीओ उन निवेशकों के लिए ध्यान देने योग्य हो सकता है, जो हेल्थकेयर और अस्पताल कारोबार से जुड़ी कंपनियों में निवेश के अवसर तलाश रहे हैं। हालांकि, आईपीओ में निवेश करने से पहले कंपनी की फाइनेंशियल कंडीशन, कारोबार की ग्रोथ, कर्ज और वैल्यूएशन को समझना जरूरी है। निवेशकों को यह भी ध्यान रखना चाहिए कि आईपीओ में फ्रेश इश्यू से मिलने वाला पैसा कंपनी के पास जाता है, जबकि ऑफर फॉर सेल से मिलने वाली रकम शेयर बेचने वाले मौजूदा निवेशकों को मिलती है।

(डिस्क्लेमर: ग्रे मार्केट में कंपनी के शेयरों का प्रीमियम लगातार बदलता रहता है, इसलिए किसी भी आईपीओ पर दांव लगाने से पहले कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन और उसके कारोबार की पूरी जानकारी जरूर कर लें या फाइनेंशियल एडवायजर से सलाह ले लें)

SOURCE : LIVE HINDUSTAN