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कौन सी मिठाई में कम शुगर होती है? डॉक्टर से जानें डायबिटीज वालों के लिए सेफ ऑप्शन

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Source :- LIVE HINDUSTAN

दिवाली पर मिठाई खाने का मन तो हर किसी का होता है। लेकिन अगर आपको डायबिटीज है तो मिठाई खाते समय थोड़ी सी सावधानी बरतना जरूरी हो जाता है। ऐसे में डायबिटीज स्पेशलिस्ट डॉक्टर ने बताया है कि आपके लिए कौन सी मिठाई खाना बेहतर हो सकता है।

दिवाली के त्योहार पर मिठाईयां खाने का मजा अलग ही होता है। लेकिन अगर आपको डायबिटीज है तो ये मजा थोड़ा फीका हो जाता है। लोग मिठाई खाने से पहले दस बार सोचते हैं, फिर आखिर में यही सवाल करते हैं कि हमारे लिए कौन सी मिठाई बेहतर है। अगर आप भी दिवाली पर मिठाई खाना चाहते हैं लेकिन समझ नहीं पा रहे कि कौन सी मिठाई बेहतर है, तो ये पोस्ट आपके लिए है। डायबिटीज स्पेशलिस्ट डॉ प्रमोद त्रिपाठी ने एक इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए कुछ पॉपुलर मिठाइयों को तीन कैटेगरी में बांटा है। पहली है, सबसे कम रिस्क वाली मिठाई, फिर मॉडरेट रिस्क और आखिर में शुगर के लिए सबसे खतरनाक मिठाईयां। दिवाली पर मुंह मीठा करने से पहले एक बार जरा चेक कर लें कि आप कौन सी मिठाई खा रहे हैं।

लो रिस्क: इन मिठाइयों को सीमित मात्रा में चुन सकते हैं

डॉक्टर सबसे सेफ कैटेगरी में 3 मिठाइयों को रखते हैं- ड्राई फ्रूट्स रोल, ड्राई फ्रूट्स लड्डू और अंजीर रोल। इनका ग्लाइसेमिक इंडेक्स 40-45 के करीब होता है। चूंकि इनमें नट्स और फाइबर दोनों मौजूद होते हैं, इसलिए ब्लड शुगर लेवल तेजी से स्पाइक नहीं होता। डॉक्टर सलाह देते हैं कि अगर आपके सामने ढेर सारी मिठाइयां रखी हैं, तो सबसे पहले इन्हीं तीनों में से कोई एक ऑप्शन चुनें।

इनके अलावा काजू कतली और बादाम कतली को भी सेफ ऑप्शन माना जा सकता है। नट्स होने के कारण शुगर का एब्जॉर्बशन धीमा होता है, इसलिए शुगर लेवल तेजी से स्पाइक नहीं होता। डायबिटीज के मरीजों के लिए बेसन लड्डू भी एक अच्छा विकल्प हो सकते हैं। चना दाल का ग्लाइसेमिक इंडेक्स कम होता है और घी की वजह से शुगर का एब्जॉरपशन भी कम होता है।

मॉडरेट रिस्क: इन मिठाइयों को कम मात्रा में खाएं

मॉडरेट रिस्क वाली मिठाइयों को सीमित मात्रा में खाया जा सकता है। डॉक्टर इस कैटिगरी में रवा लड्डू, चूरमा लड्डू, नारियल बर्फी और मैसूर पाक जैसी मिठाइयों को रखते हैं। इन मिठाइयों में देसी घी होता है, जो शुगर के एब्जॉर्बशन को धीमा करता है। अगर ड्राई फ्रूट्स वाली मिठाइयां नहीं हैं, तो इन मिठाइयों में से आप एक-दो पीस खा सकते हैं।

हाई रिस्क: इन मिठाइयों से दूरी बनाना बेहतर

डॉक्टर के मुताबिक अगर आपको डायबिटीज है तो इस कैटिगरी की मिठाइयां पूरी तरह अवॉइड करें। इसमें शामिल हैं जलेबी और इमरती। ये 80 प्रतिशत तक शुगर होती हैं, यानी एक जलेबी में लगभग 5 चम्मच चीनी का इस्तेमाल होता है। साथ ही मैदा और डीप फ्राइड होने की वजह से इनका ग्लाइसेमिक इंडेक्स 75 से ज्यादा होता है, जो बहुत हाई है।

इनके अलावा डायबिटीज में कुछ और मिठाइयां काफी खतरनाक हो सकती हैं जैसे- सोनपापड़ी, बंगाली स्वीट्स (रसगुल्ला, चमचम आदि) और गुलाबजामुन। इनमें शुगर की मात्रा बहुत ज्यादा होती है इसलिए इन्हें खाते ही तुरंत शुगर लेवल काफी तेजी से स्पाइक होता है। डॉक्टर सलाह देते हैं कि इस कैटिगरी की मिठाई को अवॉइड करना ही बेहतर है।

नोट: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के उद्देश्य से लिखा गया है। इसे किसी भी तरह से पेशेवर मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें। किसी भी स्वास्थ्य समस्या या मेडिकल कंडीशन से जुड़े सवालों के लिए हमेशा अपने डॉक्टर की सलाह जरूर लें।

यह रिपोर्ट सोशल मीडिया पर मौजूद यूजर-जनरेटेड कंटेंट पर आधारित है। लाइव हिन्दुस्तान ने इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की है और न ही इनका समर्थन करता है।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN