Source :- LIVE HINDUSTAN
जिंदगी में आने वाली हर मुश्किल हमें कुछ ना कुछ सिखाती है। लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि कभी-कभी सफलता से ज्यादा जरूरी कुछ और भी हो सकता है? सुधा मूर्ति की ये बातें आपको सोचने पर मजबूर कर देंगी।
हम सभी चाहते हैं कि जो भी काम करें, उसमें हमें सफलता मिले। पढ़ाई हो, नौकरी हो, कारोबार हो या फिर कोई अपना सपना, हम चाहते हैं कि मेहनत का नतीजा अच्छा ही आए। लेकिन ऐसा हर बार नहीं होता। कई बार पूरी कोशिश के बाद भी हम हार जाते हैं। ऐसे समय में बहुत बुरा लगता है। मन में तरह-तरह के सवाल आने लगते हैं और लगता है कि शायद हम इस काम के लायक ही नहीं थे। लेकिन सुधा मूर्ति के अनुसार जिंदगी में कुछ असफलताएं होना भी जरूरी है। लगातार जीतते रहने से कई बार इंसान को अपनी गलतियां दिखना बंद हो जाती हैं। वहीं, हार हमें रुककर सोचने और खुद को बेहतर बनाने का मौका देती है।
1. हार आपको मजबूत बनाती है
जीत मिलने पर हमारा भरोसा बढ़ता है, लेकिन हार हमें मुश्किल समय से निपटना सिखाती है। जब कोई काम हमारी उम्मीद के हिसाब से नहीं होता, तभी हमें समझ आता है कि कहां गलती हुई और क्या बेहतर किया जा सकता था। इसलिए अगर कभी किसी काम में हार मिली है, तो खुद को कमजोर ना समझें। हो सकता है, उस हार से मिली सीख आगे आपके बहुत काम आए।
2. हर बार जीतना जरूरी नहीं
हम सोचते हैं कि अगर हमेशा जीत मिलती रहे तो इससे अच्छी बात क्या होगी। लेकिन सुधा मूर्ति का कहना है कि लगातार सफलता इंसान को घमंडी भी बना सकती है। जब किसी को हर बार सफलता मिलती है, तो उसे अपनी कमियां नजर नहीं आतीं। कभी-कभी हार मिलना हमें जमीन से जोड़े रखता है और याद दिलाता है कि अभी बहुत कुछ सीखना बाकी है।
3. अपनी गलती से सीखें
असफल होने के बाद खुद को कोसते रहना किसी काम का नहीं है। इसके बजाय थोड़ा रुककर सोचें कि आखिर गलती कहां हुई। हो सकता है आपने सही तैयारी नहीं की, सही फैसला नहीं लिया या किसी और तरीके से कोशिश करने की जरूरत थी।
4. अपनी तुलना दूसरों से ना करें
किसी की सफलता देखकर यह सोचना आसान है कि वह हमसे आगे निकल गया और हम पीछे रह गए। लेकिन हर किसी की जिंदगी और सफर अलग होता है। किसी को जल्दी सफलता मिलती है, तो किसी को थोड़ा ज्यादा समय लगता है। इसलिए अपनी हार या सफलता की तुलना किसी और से करने के बजाय खुद पर ध्यान दें।
5. गिरने के बाद फिर कोशिश करें
हार के बाद दोबारा कोशिश करना सबसे मुश्किल कामों में से एक होता है। मन में डर रहता है कि कहीं इस बार भी नाकाम ना हो जाएं। लेकिन अगर डर की वजह से कोशिश ही छोड़ दी, तो आगे बढ़ना मुश्किल हो जाएगा। एक बार हार जाना यह नहीं बताता कि आप हमेशा हारते ही रहेंगे। अपनी गलती से सीखें, थोड़ा समय लें और फिर से कोशिश करें।
असफलता से भागने के बजाय उसे समझें
जिंदगी में मिलने वाली हर हार को लेकर परेशान होने के बजाय उससे कुछ सीखने की कोशिश करें। हर बार जीतना जरूरी नहीं है। असली बात यह है कि जब आप गिरें, तो वहीं रुक ना जाएं। अपनी गलती समझें, खुद को संभालें और फिर आगे बढ़ें। यही अनुभव आपको धीरे-धीरे और मजबूत बनाता है।
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