Source :- LIVE HINDUSTAN
बाजार में आजकल देसी और हाइब्रिड किस्मों में हर सब्जी-फल बिकने लगे हैं। इस कड़ी में कद्दू भी शामिल हो चुका है। कद्दू की सब्जी, हलवा सभी को खाना पसंद है और इसका सीजन चल रहा है। तो आज हम आपको बताने जा रहे हैं कि देसी कद्दू की पहचान कैसे करें?
भारत में कद्दू की सब्जी से लेकर हलवा तक सबकुछ खूब खाया जाता है और ये सब्जी पोषक तत्वों का भंडार भी मानी जाती है। कद्दू को कई अलग नाम जैसे सीताफल, कोहड़ा से भी जानते हैं। आजकल कद्दू का सीजन चल रहा है, बाजार में छोटे से लेकर बड़े साइज तक कद्दू बिक रहे हैं। लेकिन क्या आप देसी कद्दू ही खरीद रहे हैं। अब हर फल और सब्जी देसी और हाइब्रिड दो किस्मों में आने लगी हैं, ऐसे में जरूरी है कि आप सही चुनने का तरीका जानते हों। ऐसा नहीं है कि हाइब्रिड कद्दू खराब होता है लेकिन देसी के मुकाबले उसके स्वाद में थोड़ा फर्क होता है। जिन लोगों ने देसी कद्दू खाया होगा, वह जानते होंगे कि उसमें कैसी मिठास होती है। अगर आप देसी कद्दू खाना चाहते हैं, तो उसे पहचानने का सही तरीका भी जान लीजिए। तो चलिए हाइब्रिड और देसी कद्दू के बीच अंतर करने का आसान तरीका जान लीजिए।
देसी और हाइब्रिड कद्दू के बीच अंतर
देसी कद्दू खासतौर पर स्थानीय बीजों से उगाया जाता है, जिसमें कई क्षेत्रों से अलग किस्में मिलती हैं। तो वहीं, हाइब्रिड कद्दू दो अलग किस्मों के क्रॉस से तैयार किया जाता है, जिससे उत्पादन अच्छा है। साथ ही कद्दू का आकार भी बड़ा हो। हाइब्रिड कद्दू की पहचान करने का तरीका ये भी है कि ये 5-6 दिन तक पीला या खराब नहीं होता। जबकि देसी कद्दू 2 दिन में ही पीला होकर पकने लगता है और 5-6 दिनों तक अंदर से खराब होने लगता है।
देसी कद्दू की पहचान करने के 4 तरीके
- आकार और बनावट पर करें गौर
देसी कद्दू छोटे और गोल साइज के होते हैं। एकदम गोल नहीं होते लेकिन आप छोटे आकार देखते ही पहचान लेंगे। तो वहीं, हाइब्रिड कद्दू अक्सर एक जैसे आकार के बड़े दिखते हैं। ज्यादातर हाइब्रिड कद्दू सामान आकार में गोल दिखते हैं।
- छिलके की बनावट
देसी कद्दू का छिलका थोड़ा मोटा हो सकता है और हरे रंग का धारी या चकत्ते वाला होगा। हाइब्रिड कद्दू का छिलका थोड़ा पतला, चिकना और चमकदार दिखेगा। साथ ही उस पर धारी या चकत्ते भी हल्के होंगे।
- स्वाद और महक से जानें
देसी कद्दू से हल्की मिठास वाली महक आती है और स्वाद में भी हल्का मीठापन रहता है। लेकिन हाइब्रिड कद्दू में मिठास नहीं होती और कोई महक भी नहीं आएगी। साधारण सी महक होती है, लेकिन उसमें मीठापन नहीं होता।
- बीज से पहचानें
हाइब्रिड कद्दू के बीज चपटे और हल्के अंडाकार होते हैं, छिलका सख्त होता है। देसी कद्दू के बीज मुलायम और मोटे होते हैं। इनका छिलका हल्का होता है। देसी कद्दू के बीज को ही सुखाकर खाया जाता है। दोनों कद्दू की किस्मों में अंदर की बनावट भी अलग होती है।
कौन सा चुनें
अगर आप मिठास वाले स्वाद को पसंद करते हैं, तो देसी कद्दू को ही चुनें। अगर परिवार बड़ा है, हाइब्रिड कद्दू लें। ये आकार में बड़ा होता है और ये कई दिनों तक खराब नहीं होता।
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