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द फैमिली मैन के जेके यानी शारिब हाशमी अपनी प्रतिभा सबके सामने साबित कर चुके हैं। हालांकि एक वक्त था जब उन्हें इस फील्ड में कदम रखने में डाउट था। उन्होंने बताया कि कैसे राइटर से एक्टर बनने तक का सफर तय किया।

पहचान अक्सर वक्त मांगती है और जब वो मिलती है तो मुक्कमल होती है, ये लाइनें शारिब हाशमी पर एकदम फिट बैठती हैं। शारिब हाशमी यानी द फैमिली मैन वेब सीरीज के जेके। उनका और श्रीकांत का कैरेक्टर ओटीटी के जय-वीरू से कम नहीं माना जाता। दोनों जब स्क्रीन पर होते हैं तो आइकॉनिक मोमेंट पक्का है। शारिब हाशमी वर्सेटाइल एक्टर हैं। उन्होंने वेब सीरीज से ही नहीं बॉलीवुड कई फिल्मों में बेहतरीन एक्टिंग की है। हालांकि उन्हें असली पहचान फैमिली मैन से मिली। लाइव हिंदुस्तान ने जेके यानी शारिब से एक्सक्लूसिव बात की जिसमें उन्होंने अपने करियर और जिंदगी से जुड़ी कुछ इंट्रेस्टिंग बातें बताईं।

ओटीटी ने घर-घर पहुंचाया

फैमिली मैन के सीजन 4 का वेब सीरीज लवर्स को बेसब्री से इंतजार है। इस पर काम चल रहा है, हालांकि रिलीज डेट फाइनल नहीं हुई। इस बीच शारिब हाशमी ने हमसे अपना फिल्मी सफर साझा किया। शारिब ने यह माना कि उन्हें असली पहचान ओटीटी ने दी। उन्होंने कहा कि वेब सीरीज का यह फायदा होता है कि हर किरदार को डिवेलप होने का वक्त मिल जाता है। इसलिए छोटे से छोटा कैरेक्टर लोगों से कनेक्ट हो जाता है। यही वजह है कि वह द फैमिली मैन के जरिये घर-घर पहुंचे और लोगों के दिलों में जगह बना पाए।

लुक्स और हाइट पर थी हीनभावना

शारिब एक जर्नलिस्ट के बेटे हैं। वह अच्छे राइटर और सिंगर भी हैं। उन्हें बचपन से एक्टिंग का शौक था लेकिन लोगों के सामने जाहिर नहीं करते थे। शारिब ने बताया कि वह अपने लुक्स और हाइट को लेकर इनफीरियर फील करते थे। उनके पिता चाहते थे कि वह एक्टर बनें। हालांकि जब तक वह एक्टर बने, पिता दुनिया छोड़ चुके थे, शारिब को इस बात का अफसोस भी है।

राइटर के तौर पर की थी शुरुआत

शारिब बचपन से अच्छे डांसर थे। कॉलेज के फंक्शंस में पार्टिसिपेट करते, मिमिक्री करते पर एक्टिंग की दुनिया में कदम नहीं रख पा रहे थे। उन्होंने शुरुआत राइटर के तौर पर की। असिस्टेंट एडिटर का काम किया। वह गोविंदा की फिल्म हम तुम पे मरते हैं में एडी थे। शारिब ने एमटीवी जॉइन किया। वहां शोज लिखते, क्रिएटिव हेड का काम देखते। उन्होंने एमटीवी बकरा शो के कई एपिसेड्स किए। इन सबसे उनका कॉन्फिडेंस बढ़ा। इस बीच उन्हें 2008 में स्लमडॉग मिलेनियर और हाल-ए-दिल फिल्म में काम मिला। आखिर 2009 में उन्होंने नौकरी छोड़कर एक्टिंग करने का फैसला लिया।

33 साल में लिया एक्टिंग का फैसला

शारिब ने बताया कि जब उन्होंने एक्टिंग करने का फैसला लिया तो 33 साल के थे। जॉब छोड़ने से पहले डर भी था क्योंकि शादी हो चुकी थी, एक बच्चा भी था। पर उन्होंने सोचा कि अगर अब नहीं किया तो यह सपना कभी पूरा नहीं होगा। उनके इस फैसले में उनकी वाइफ ने पूरा साथ दिया। वह उनका सपोर्ट सिस्टम बनीं और शारिब अपने सपने को पूरा करने की जद्दोजहद में लग गए। शारिब ने बताया कि उन्हें तीन साल तक कई ऑडिशंस देने पड़े। इसके बाद उन्होंने शाहरुख खान के साथ जब तक है जान फिल्म की।

कोविड ने बदला सीन

2012 में उन्हें फिल्मिस्तान फिल्म में सनी का रोल मिला और धीरे-धीरे लोगों ने उनका टैलेंट पहचाना। शारिब ने बताया कि कोविड ने लोगों के एंटरटेनमेंट कंज्यूम करने का तरीका बदला। थिएटर्स बंद थे, ओटीटी आया। इस दौरान ही उन्होंने द फैमिली मैन में जेके का मिला।

अक्षय के साथ दिखेंगे शारिब

शारिब ने अपने अपकमिंग प्रोजेक्ट्स पर भी बात की। उन्होंने बताया कि वह अक्षय कुमार की फिल्म हैवान में आ रहे हैं। यह एक्शन थ्रिलर है और अगस्त तक रिलीज होगी।

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