Source :- LIVE HINDUSTAN
मुख्य बातें
- TCS Share Price: जुलाई-सितंबर में टीसीएस का कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 15% बढ़ा
- बोर्ड ने 12 रुपये प्रति शेयर का दूसरा इंटरिम डिविडेंड भी ऐलान किया किया
- सुबह शेयर 5% से अधिक चढ़कर 2193 रुपये पर ट्रेड कर रहे थे
IT सर्विसेज की दिग्गज कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) के शेयर आज यानी शुक्रवार, 9 अक्टूबर को करीब 5% से अधिक चढ़ गए और सुबह सवा दस बजे के करीब 2193 रुपये पर ट्रेड कर रहे थे। उछाल की वजह की बात करें तो टाटा ग्रुप की इस कंपनी ने वित्तवर्ष 2026-27 की जुलाई-सितंबर तिमाही के नतीजे जारी किए, जिसमें कंसोलिडेटेड नेट प्रॉफिट पिछले साल की इसी तिमाही के मुकाबले 15% बढ़ा।
मुनाफा 12,075 करोड़ रुपये से बढ़कर 13,884 करोड़ रुपये हो गया। दूसरी ओर कंपनी के बोर्ड ने वित्त वर्ष 2026-27 के लिए 12 रुपये प्रति शेयर का दूसरा इंटरिम डिविडेंड भी ऐलान किया किया।
दूसरी तिमाही में कंपनी की ऑपरेशंस से रेवेन्यू 73,188 करोड़ रुपये रही। यह पिछले साल की इसी तिमाही के 65,799 करोड़ रुपये से 11% ज्यादा है। करेंसी के उतार-चढ़ाव को हटाकर देखें तो रेवेन्यू पिछली तिमाही से 0.5% बढ़ा। इस दौरान ऑपरेटिंग मार्जिन 24% और नेट मार्जिन 19% रहा।
CEO क्या कहते हैं?
TCS के मैनेजिंग डायरेक्टर और CEO के. कृतिवासन ने कहा कि तिमाही में अंतरराष्ट्रीय बाजारों और ज्यादातर इंडस्ट्री सेक्टर्स में अच्छी बढ़त देखने को मिली। उन्होंने पोर्श और Best Buy के साथ कंपनी की साझेदारी को ट्रांसफॉर्मेशन पार्टनरशिप की नई कैटेगरी बताया। उनके मुताबिक, TCS क्लाइंट्स के साथ ऐसे रिपीटेबल प्लेटफॉर्म बना रही है, जिनसे AI को कारोबार में बड़े पैमाने पर लगाने में मदद मिलेगी।
टीसीएस की AI से कमाई 10% से ऊपर
TCS के AI बिजनेस में अच्छी रफ्तार बनी हुई है। FY27 की दूसरी तिमाही में सालाना आधार पर AI रेवेन्यू 3.1 अरब डॉलर हो गया, जो कंपनी की कुल रेवेन्यू का 10% से ज्यादा है। TCS की एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर, प्रेसिडेंट और COO आरती सुब्रमण्यन ने कहा कि AI से जुड़ी कई ऑफरिंग्स में डिमांड मजबूत बनी हुई है। इनमें AI-native सॉल्यूशंस, AI से चलने वाला एंटरप्राइज ट्रांसफॉर्मेशन, ऑटोनॉमस ग्लोबल बिजनेस सर्विसेज और साइबर सुरक्षा शामिल हैं।
TCS के शेयर अभी खरीदें या नहीं?
एमके ने TCS पर ‘खरीदें’ रेटिंग बरकरार रखी है और 2,600 रुपये का टार्गेट प्राइस दिया है, यानी करीब 20% अपसाइड की संभावना। ब्रोकरेज ने कहा कि TCS अधिग्रहण और फ्रंटियर AI पार्टनरशिप, टैलेंट और डेटा सेंटर सर्विसेज, GCC, मिड-मार्केट और सॉवरेन क्लाउड जैसे नए ग्रोथ इंजनों में इन्वेस्ट करके अपनी क्षमताएं मजबूत कर रही है। इससे नजदीकी समय में मार्जिन पर दबाव पड़ सकता है।
मैनेजमेंट ने लंबी अवधि के लिए 26-28% मार्जिन का लक्ष्य बरकरार रखा है। इसमें AI रेवेन्यू का हिस्सा बढ़ने, रेवेन्यू ग्रोथ से ऑपरेटिंग लीवरेज बढ़ने और लागत कम करने का फायदा शामिल है। ब्रोकरेज ने वित्तवर्ष 27-29 के अनुमानित मुनाफे में 0.6% से 1.6% तक कटौती की है, क्योंकि दूसरी तिमाही के प्रदर्शन, कम मार्जिन अनुमान और Best Buy के इंडिया GCC व MHP जैसे एम एंड ए को ध्यान में रखा गया है।
(डिस्क्लेमर: एक्सपर्ट्स की सिफारिशें, सुझाव, विचार और राय उनके अपने हैं, लाइव हिन्दुस्तान के नहीं। शेयर मार्केट में निवेश जोखिमों के अधीन है और निवेश से पहले अपने एडवाइजर से परामर्श कर लें।)
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