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घर पर पान की बेल कैसे लगाएं? हरी-भरी पत्तियों के लिए काम के 7 टिप्स

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Source :- LIVE HINDUSTAN

पान की बेल घर की बालकनी या गार्डन में आसानी से लगा सकते हैं। बस इसे सही मिट्टी, नमी, हल्की धूप और सहारे की जरूरत होती है। जानिए पान की बेल उगाने और उसकी देखभाल के आसान टिप्स।

घर में पौधे लगाने का शौक है, तो इस बार पान की बेल भी लगा सकते हैं। इसके हरे-भरे पत्ते देखने में खूबसूरत लगते हैं और सही देखभाल मिलने पर बेल अच्छी तरह फैलती है। हालांकि, पान का पौधा बाकी कई पौधों से थोड़ा अलग होता है। इसे तेज धूप के बजाय हल्की रोशनी, नमी वाली मिट्टी और चढ़ने के लिए सहारे की जरूरत होती है। अगर आप इसे गमले में लगाने की सोच रहे हैं, तो कुछ छोटी-छोटी बातों का ध्यान रखना जरूरी है। आइए जानते हैं कि घर पर पान की बेल कैसे लगाएं और इसे हरा-भरा रखने के लिए किन बातों का ध्यान रखें।

1. सही जगह चुनें

पान की बेल लगाने के लिए ऐसी जगह चुनें, जहां हल्की धूप आती हो और तेज धूप सीधे पौधे पर न पड़े। घर की बालकनी, खिड़की के पास या गार्डन का छायादार हिस्सा इसके लिए अच्छा हो सकता है। बहुत तेज धूप से पत्तियां मुरझा सकती हैं या उन पर निशान पड़ सकते हैं। ऐसी जगह चुनें जहां हवा आती रहे, लेकिन पौधे को गर्म और सूखी हवा से बचाया जा सके।

2. सही गमला और मिट्टी चुनें

पान की बेल लगाने के लिए ऐसा गमला लें, जिसके नीचे पानी निकलने के लिए छेद हों। इससे ज्यादा पानी गमले में जमा नहीं होगा और जड़ें खराब होने का खतरा कम रहेगा। मिट्टी ऐसी होनी चाहिए, जिसमें नमी बनी रहे, लेकिन पानी जमा न हो। इसके लिए गार्डन की मिट्टी में थोड़ी वर्मीकम्पोस्ट और कोकोपीट मिला सकते हैं। इससे मिट्टी हल्की रहती है और पौधे की जड़ों को बढ़ने में मदद मिलती है।

3. पान की बेल कैसे लगाएं?

पान की बेल को आमतौर पर उसकी स्वस्थ कटिंग से उगाया जा सकता है। इसके लिए ऐसी बेल चुनें, जिसमें कम से कम एक-दो गांठें हों। गांठ वही जगह होती है, जहां से पत्तियां या नई जड़ें निकलती हैं। कटिंग को नम मिट्टी में इस तरह लगाएं कि उसकी एक गांठ मिट्टी के अंदर रहे। इसके बाद हल्का पानी डालें और गमले को ऐसी जगह रखें, जहां सीधी तेज धूप न आती हो। मिट्टी में नमी बनाए रखें, लेकिन उसे पानी से भरा न रहने दें।

4. पानी देने का ध्यान रखें

पान की बेल को नमी पसंद होती है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं कि हर समय मिट्टी गीली रखी जाए। पानी देने से पहले उंगली से मिट्टी की ऊपरी सतह चेक करें। अगर मिट्टी सूखी लगे, तो पानी डालें। अगर पहले से गीली है, तो थोड़ा इंतजार करें। गमले की प्लेट में पानी जमा न रहने दें। लगातार गीली मिट्टी से जड़ें खराब हो सकती हैं और पौधा धीरे-धीरे मुरझाने लगता है।

5. बेल को चढ़ने के लिए सहारा दें

पान की बेल फैलने और ऊपर चढ़ने के लिए सहारे की मदद ले सकती है। गमले में लकड़ी की छड़ी, जाली या कोई मजबूत सहारा लगा दें। जैसे-जैसे बेल बढ़े, उसे हल्के हाथ से सहारे की ओर बांधें। इससे बेल को बढ़ने के लिए सही दिशा मिलेगी और पत्तियां भी अच्छी तरह फैल सकेंगी। ध्यान रखें कि बेल को बहुत कसकर न बांधें, वरना तना दब सकता है।

6. खाद कब और कितनी डालें?

पान की बेल की अच्छी बढ़त के लिए समय-समय पर थोड़ी वर्मीकम्पोस्ट डाल सकते हैं। इसे मिट्टी की ऊपरी सतह पर मिलाएं और फिर हल्का पानी दें। खाद बहुत ज्यादा डालने से पौधे को नुकसान भी हो सकता है, इसलिए पैकेट पर दिए निर्देशों का ध्यान रखें।

7. पत्तियों को कीड़ों से बचाएं

पान की बेल की पत्तियों को समय-समय पर ध्यान से देखें। अगर पत्तियों के नीचे छोटे कीड़े, चिपचिपापन या पीले धब्बे नजर आएं, तो पौधे की देखभाल पर ध्यान दें। सूखी या खराब पत्तियों को हटा दें और पौधे के आसपास सफाई रखें। जरूरत पड़ने पर पौधों के लिए बने सुरक्षित कीट नियंत्रण उपाय अपनाएं।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN