Home LIFESTYLE NEWS HINDI बिना केमिकल! रीठे और मुल्तानी मिट्टी से बनाएं नेचुरल शैंपू, हेयरफॉल के...

बिना केमिकल! रीठे और मुल्तानी मिट्टी से बनाएं नेचुरल शैंपू, हेयरफॉल के लिए बेस्ट है ये नुस्खा!

3
0

Source :- LIVE HINDUSTAN

अगर आपको भी खूब हेयरफॉल हो रहा है, तो ये नेचुरल शैंपू एक बार जरूर ट्राई करें। रीठे और मुल्तानी मिट्टी से बना ये शैंपू बालों को अच्छी तरह क्लीन करता है और डैमेज भी नहीं करता। इसे बनाना भी काफी सिंपल है और और ये इस्तेमाल करने में भी आसान है।

बालों का झड़ना, समय से पहले सफेद होना या फिर उनकी ग्रोथ रुक जाना, आजकल लगभग हर कोई ये प्रॉब्लम्स फेस कर रहा है। ऐसे में लोग केमिकल्स वाले प्रोडक्ट्स की जगह नेचुरल होम रेमेडीज की तरफ ज्यादा बढ़ रहे हैं, जो धीरे-धीरे काम करती हैं लेकिन कोई नुकसान भी नहीं करतीं। अगर आपको भी खूब हेयरफॉल हो रहा है तो अपने केमिकल वाले शैंपू की जगह आप एक बार ये रीठे और मुल्तानी मिट्टी से बना नेचुरल शैंपू ट्राई कर सकते हैं। इसे घंटों पकाने या पहले से बनाकर रखने की जरूरत नहीं है। बस रात में रीठा सोक करना है और सुबह शैंपू बनकर तैयार हो जाएगा। अगर आपके पास ज्यादा टाइम नहीं होता है, तो भी ये नेचुरल शैंपू इस्तेमाल किया जा सकता है। आइए जानते हैं कैसे-

रीठा और मुल्तानी मिट्टी से बनाएं नेचुरल शैंपू

स्टेप 1- रातभर के लिए भिगोकर रखें रीठा

ये नेचुरल शैंपू बनाने के लिए आपको बस रात में रीठा भिगोकर रख देना है। आप अपने बालों की लंबाई के हिसाब से 5-6 या उससे ज्यादा रीठे एक कप साफ पानी में भिगोकर रख सकते हैं। सुबह तक ये बिल्कुल सॉफ्ट हो जाएंगे। अब इन्हें हाथों से दबाते हुए फोड़ लें, पानी में खूब अच्छा-खासा झाग बन जाएगा।

टिप- अगर आपके बाल काफी झड़ रहे हैं तो आप रीठे के साथ-साथ एक चम्मच मेथी दाना भी भिगोकर रख सकते हैं। मेथी के गुण भी पानी में आ जाएंगे।

स्टेप 2- थोड़ी सी मुल्तानी मिट्टी मिलाकर बनाएं शैंपू

अब रीठे वाले झागदार पानी में एक चम्मच के करीब मुल्तानी मिट्टी का पाउडर मिलाएं। इसे अच्छे से मिक्स करें, आपका नेचुरल शैंपू बनकर तैयार है। इसे आप नॉर्मल शैंपू की तरह बाल धोने में इस्तेमाल कर सकते हैं। इसमें बहुत ज्यादा झाग नहीं बनते हैं लेकिन ये स्कैल्प को अच्छी तरह से क्लीन कर देता है।

टिप- अगर आपके बालों में तेल लगा हुआ है या बाल ज्यादा ऑयली लग रहे हैं, तो आप इसमें थोड़ा सा माइल्ड शैंपू मिलाकर भी अपने बाल धो सकते हैं। इससे बाल अच्छी तरह क्लीन हो जाएंगे।

दादी-नानी क्यों करती थीं रीठे का इस्तेमाल?

पुराने जमाने में बालों की देखभाल के लिए रीठे का इस्तेमाल किया जाता था। दरअसल रीठे में प्राकृतिक सैपोनिन पाए जाते हैं, जो पानी के साथ मिलकर झाग बनाते हैं और स्कैल्प से एक्स्ट्रा ऑयल और गंदगी को रिमूव करने में मदद करते हैं। यही वजह है कि पारंपरिक रूप से रीठे का इस्तेमाल बालों को साफ करने के लिए किया जाता रहा है। ये स्कैल्प के लिए जेंटल भी होता है इसलिए बालों को नुकसान पहुंचाए बिना क्लीन करने में मदद करता है।

बालों के लिए मुल्तानी मिट्टी के फायदे

मुल्तानी मिट्टी भी एक बेहतरीन क्लीनिंग एजेंट है। ये बालों से एकस्ट्रा ऑयल और गंदगी हटाने में मदद कर सकती है। साथ ही बालों को नेचुरल शाइन और सॉफ्टनेस देने में भी मदद करती है। हालांकि अगर आपकी स्कैल्प ज्यादा ड्राई है तो मुल्तानी मिट्टी कम मात्रा में इस्तेमाल करें। इसके साथ आप दही जैसी मॉइश्चराइजिंग चीजें मिला सकते हैं।

हफ्ते में कितनी बार इस्तेमाल करें?

इस शैंपू को आप हफ्ते में दो बार इस्तेमाल कर सकते हैं। हालांकि अगर आपको स्कैल्प में खुजली, रूखापन, जलन या ज्यादा उलझने की समस्या हो रही है, तो इसका इस्तेमाल तुरंत बंद कर दें।

(All Images Credit- Pinterest, Instagram)

SOURCE : LIVE HINDUSTAN