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8th Pay Commission: बेंगलुरु बैठक कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए क्यों है खास?

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Source :- LIVE HINDUSTAN

मुख्य बातें

  • 8th Pay Commission: बैठक का कोई तय एजेंडा अभी सामने नहीं आया है, लेकिन माना जा रहा है कि चर्चा मुख्य रूप से जिन मुद्दों पर होगी, उनमें वेतन, फिटमेंट फैक्टर, भत्ते, पेंशन और कर्मचारियों की सेवा शर्तें शामिल होंगी

8वें वेतन आयोग की बैठक में वेतन, फिटमेंट फैक्टर, भत्ते, पेंशन और कर्मचारियों की सेवा शर्तों पर आज से 2 दिन चर्चा होगी।

8वां वेतन आयोग आज यानी 7 अक्टूबर से बेंगलुरु में दो दिन की बैठक कर रहा है। तीन सदस्यीय पैनल की अध्यक्षता न्यायमूर्ति रंजना प्रकाश देसाई कर रही हैं। इस बैठक में केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों से जुड़े संगठन, संस्थान, एसोसिएशन और यूनियन शामिल हो रहे हैं।

किन मुद्दों पर हो सकती है चर्चा: बैठक का कोई तय एजेंडा अभी सामने नहीं आया है, लेकिन माना जा रहा है कि चर्चा मुख्य रूप से जिन मुद्दों पर होगी, उनमें वेतन, फिटमेंट फैक्टर, भत्ते, पेंशन और कर्मचारियों की सेवा शर्तें शामिल होंगी।

नोटिफिकेशन में क्या कहा गया: 8वें वेतन आयोग ने 24 अगस्त को डिटेल नोटिफिकेशन जारी किया था। इसमें बताया गया था कि पैनल 7 और 8 अक्टूबर को बेंगलुरु में रहेगा। जो हितधारक आयोग से बात करना चाहते थे, उन्हें आमंत्रित किया गया था।

इच्छुक स्टेक होल्डर्स ने आयोग के लिंक से अपॉइंटमेंट रिक्वेस्ट भेजी। इसके साथ अपनी ‘यूनिक मेमो आईडी’ देनी थी, जो 8वें वेतन आयोग में मेमोरेंडम जमा करने के बाद बनती है। अपॉइंटमेंट रिक्वेस्ट भेजने की आखिरी तारीख 18 सितंबर थी।

बेंगलुरु के बाद मुंबई में भी होंगी बैठकें: बेंगलुरु के बाद मुंबई में 22 अक्टूबर से ऐसी बैठकें शुरू होंगी। आयोग अलग-अलग राज्यों और क्षेत्रों में हितधारकों से बातचीत कर रहा है। अब तक दिल्ली, लद्दाख, चंडीगढ़ और उत्तर प्रदेश में भी बैठकें हो चुकी हैं।

कब हुआ था 8वें वेतन आयोग का गठन

8वां वेतन आयोग 3 नवंबर 2025 को बनाया गया था। अब इसे 11 महीने हो चुके हैं। आयोग की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, बेंगलुरु की बैठकें सलाह-मशविरे की प्रक्रिया का हिस्सा हैं।

ये बैठकें कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए क्यों खास हैं?

ये बैठकें केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए अहम हैं। इनमें उनके प्रतिनिधि संगठन अपनी मांगें और शिकायतें सीधे 8वें वेतन आयोग के पैनल के सामने रख सकते हैं। यानी कर्मचारियों और पेंशनरों को अपनी बात कहने का सीधा मौका मिल रहा है।

8वें वेतन आयोग की रिपोर्ट कब तक आ सकती है?

8वां वेतन आयोग अपनी रिपोर्ट केंद्र सरकार को मई-जून 2027 तक सौंप सकता है। यह अनुमानित समय है। सभी बैठकें और सभी हितधारकों से बातचीत पूरी होने के बाद ही रिपोर्ट आएगी।

अभी किसी यूनियन की मांग को फाइनल न मानें

जब तक आयोग अपनी रिपोर्ट नहीं देता, तब तक फिटमेंट फैक्टर, सैलरी रिवीजन, भत्तों और दूसरे मुद्दों पर किसी यूनियन की ओर से रखी गई बात सिर्फ प्रस्ताव है। इसे सरकार की तरफ से मंजूर मांग न समझें।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN