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VIDEO: आसमान में सम्मान, इंडोनेशिया में एफ-16 और सुखोई-30 ने की पीएम मोदी की शानदार अगवानी

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Source :- LIVE HINDUSTAN

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को इंडोनेशिया पहुंचे। यहां पर उनका आसमान में भव्य सम्मान हुआ। जैसे ही पीएम मोदी का विमान यहां पहुंचा, दो जेट विमानों-एफ-16 और सुखोई-30 उन्हें एस्कॉर्ट करने पहुंच गए। यह इंडोनेशिया की तरफ से पीएम मोदी के लिए एक स्वागत संदेश था।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार को इंडोनेशिया पहुंचे। यहां पर उनका आसमान में भव्य सम्मान हुआ। जैसे ही पीएम मोदी का विमान यहां पहुंचा, दो जेट विमानों-एफ-16 और सुखोई-30 उन्हें एस्कॉर्ट करने पहुंच गए। यह इंडोनेशिया की तरफ से पीएम मोदी के लिए एक स्वागत संदेश था। बता दें कि भारतीय प्रधानमंत्री की तीन देशों की यात्रा में इंडोनेशिया पहला पड़ाव है। इस दौरान राजधानी जकार्ता में इंडोनेशियाई राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने एयरपोर्ट पर पीएम मोदी का स्वागत किया। इसके अलावा, प्रधानमंत्री की अगवानी करने के लिए चार मंत्री भी मौजूद थे। प्रधानमंत्री मोदी का इस दौरान पारंपरिक ढंग से स्वागत किया गया और उन्होंने सलामी गारद का निरीक्षण किया। इंडोनेशिया से मोदी ऑस्ट्रेलिया के प्रधानमंत्री एंथनी अल्बनीज के निमंत्रण पर मेलबर्न जाएंगे। यात्रा के आखिरी चरण में वह न्यूजीलैंड के प्रधानमंत्री क्रिस्टोफर लक्सन के न्योते पर ऑकलैंड पहुंचेंगे।

क्या है इन फाइटर विमानों की खासियत
एफ-16 सिंगल इंजन वाला, एक शानदार फाइटर प्लेन है। यह अमेरिकी मूल का लड़ाकू विमान है, कई देशों में दशकों से सेवा में है। वहीं, सुखोई-30 एक बड़ा, दो सीट वाला, ट्विन-इंजन फाइटर प्लेन है। इसे रूस ने बनाया है, जो एक समय में शीत युद्ध के दौरान अमेरिका का कड़ा प्रतिद्वंदी था। भारत के पास भी सुखोई-30एमकेआई वर्जन के कई स्क्वॉड्रन हैं, जिन्हें भारत की जरूरतों के मुताबिक तैयार किया गया है।

स्वागत से पीएम मोदी प्रभावित
मोदी ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में लिखा कि जकार्ता पहुंच गया हूं। हवाई अड्डे पर राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो द्वारा स्वागत किए जाने की सद्भावना से मैं बहुत प्रभावित हूं। 2018 में संबंधों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक ले जाए जाने के बाद से इंडोनेशिया की यह मोदी की पहली द्विपक्षीय यात्रा है। मोदी ने कहाकि 2018 में इंडोनेशिया की मेरी पहली यात्रा के दौरान भारत और इंडोनेशिया ने अपने द्विपक्षीय संबंधों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाया। इससे हमारे लोगों को फायदा हुआ है। उन्होंने कहाकि वह राष्ट्रपति सुबियांतो के साथ बातचीत करेंगे, जिसका उद्देश्य अलग-अलग क्षेत्रों में इस साझेदारी को और गति देना है।

प्रम्बानन मंदिर परिसर का करेंगे दौरा
मोदी ने कहाकि राष्ट्रपति प्रबोवो और मैं योग्याकार्ता में प्रम्बानन मंदिर परिसर का दौरा करेंगे। इससे हमारे देशों के बीच सांस्कृतिक संबंध और मजबूत होंगे। इंडोनेशिया में रहने के दौरान, मैं भारतीय समुदाय के लोगों से मिलने के लिए भी उत्सुक हूं। योग्याकार्ता शहर से लगभग 17 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में स्थित यह सदियों पुराना मंदिर इंडोनेशिया का सबसे विशाल हिंदू मंदिर माना जाता है।

रवाना होने से पहले क्या कहा
दिल्ली से रवाना होने से पहले, मोदी ने कहाकि इंडोनेशिया, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड की उनकी यात्रा भारत की ‘एक्ट ईस्ट पॉलिसी’, ‘महासागर विजन’ और साथ ही ‘मुक्त एवं खुले हिंद-प्रशांत के प्रति हमारे नजरिए’ को और मजबूत करेगी। महासागर, यानी सभी क्षेत्रों में सुरक्षा के लिए पारस्परिक एवं समग्र विकास’, सभी क्षेत्रों की सुरक्षा और विकास के लिए भारत का विजन है।

मोदी की यह यात्रा जनवरी 2025 में गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि के तौर पर राष्ट्रपति प्रबोवो की भारत की राजकीय यात्रा के बाद हो रही है। उन्होंने कहाकि भारत और इंडोनेशिया के बीच सभ्यतागत एवं लोगों के आपसी संबंध बहुत मजबूत हैं, तथा मेरी यह यात्रा हमारी बहुआयामी साझेदारी के सभी पहलुओं को और मजबूत करेगी।

SOURCE : LIVE HINDUSTAN